गौतम बुद्ध नगर (उत्तर प्रदेश)। प्रेम विवाह के सपने दिखाकर साथ ले जाने वाला पति अब एक महिला के लिए दर्द और अत्याचार का कारण बन गया है। रानी श्रीवास्तव नाम की महिला ने अपने पति राज पर गंभीर आरोप लगाते हुए न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता के अनुसार, साल 2017 में दोनों ने परिवार की मर्जी के खिलाफ लव मैरिज की थी, लेकिन शादी के कुछ समय बाद ही उसके जीवन में अत्याचार का सिलसिला शुरू हो गया।
रानी श्रीवास्तव का कहना है कि 2019 में उनकी एक बेटी हुई, लेकिन इसके बावजूद पति का व्यवहार नहीं बदला। वह आए दिन मारपीट करता रहा। हालात इतने बिगड़ गए कि एक बार उसे इतनी बेरहमी से पीटा गया कि उसके मुंह से खून आने लगा। पीड़िता ने नजदीकी पुलिस चौकी में शिकायत करने की कोशिश की, लेकिन वहां समझौता करवा दिया गया और आरोपी से माफी मंगवाकर मामला दबा दिया गया।
अब स्थिति और भी गंभीर हो गई है। महिला इस समय गर्भवती है और उसके पेट में पल रहा बच्चा भी उसी पति का बताया जा रहा है, लेकिन इसके बावजूद अत्याचार थमने का नाम नहीं ले रहा। पीड़िता का आरोप है कि उसका पति न सिर्फ उसे प्रताड़ित कर रहा है, बल्कि कई अन्य लड़कियों की जिंदगी भी बर्बाद कर चुका है। उसने दावा किया कि करीब 30 से ज्यादा लड़कियों को वह अपने झांसे में ले चुका है और अब एक नई लड़की रिया को भी फंसा लिया है।
पीड़िता ने प्रशासन, समाज और पुलिस से गुहार लगाई है कि आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि उसे और अन्य महिलाओं को न्याय मिल सके। मामला सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर भी आक्रोश बढ़ता नजर आ रहा है और लोग दोषी के खिलाफ कठोर कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि आखिर कब तक महिलाएं घरेलू हिंसा और अत्याचार का शिकार होती रहेंगी और उन्हें न्याय पाने के लिए संघर्ष करना पड़ेगा।


पीड़िता के अनुसार जब उन्होंने गाली देने का विरोध किया तो आरोपियों ने कहा कि वे उनकी जमीन पर दीवार खड़ी कर रहे हैं और उन्हें रोकने का अधिकार नहीं है। जब मनदेया देवी ने जमीन को अपना बताते हुए विरोध किया तो सभी आरोपियों ने मिलकर उन पर हमला कर दिया। आरोप है कि मोहन यादव के कहने पर सिकंदर कुमार ने चाकू से उनके सिर पर वार कर दिया, जिससे उनका सिर फट गया और खून खून नाखून हो गई
पीड़ित पिता ने बताया कि एक दिन पहले यानी 3 अप्रैल को पड़ोस में रहने वाली मीनाक्षी जोधावत और उसके पति ने उनके साथ झगड़ा किया था और बेटे पर चोरी का झूठा आरोप लगाया था। आरोप है कि उस दौरान दंपति ने धमकी दी थी कि अगर उनका सामान नहीं मिला तो वे गोविंद को गायब करवा देंगे। परिवार का दावा है कि धमकी के अगले ही दिन बच्चा अचानक लापता हो गया।
।पीड़ित परिवार के अनुसार वहां आरोपियों ने युवक के साथ बेहद क्रूरता की। आरोप है कि नीरज के शरीर को गर्म चीजों से जलाया गया और लोहे की रॉड से बुरी तरह पीटा गया, जिससे उसके शरीर पर गंभीर चोटें आईं। हमलावरों ने उसकी जेब से लगभग आठ हजार रुपये भी छीन लिए। घटना के बाद आरोपियों ने उसे सड़क किनारे और खेत के पास फेंक दिया तथा उसकी मोटरसाइकिल को भी सड़क किनारे खड़ा कर दिया।