देवरिया। उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले से एक बेहद सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक युवती ने अपने प्रेमी पर शादी का झांसा देकर चार साल तक शारीरिक और मानसिक शोषण करने का गंभीर आरोप लगाया है। इतना ही नहीं, पीड़िता का दावा है कि जब उसने न्याय की गुहार लगाई तो उसे थाने से डांटकर भगा दिया गया और कार्रवाई के बजाय धमकियां मिलीं। मामला अब मुख्यमंत्री कार्यालय, पुलिस महानिदेशक, महिला आयोग और पुलिस अधीक्षक तक पहुंच चुका है, लेकिन पीड़िता का आरोप है कि अब तक उसे न्याय नहीं मिला।
लार थाना क्षेत्र के बलुआ गौरी गांव निवासी अनुसूचित जनजाति की युवती अनिता कुमारी ने मुख्यमंत्री को भेजे गए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया है कि धरहरिया वार्ड कस्बा लार निवासी धीरज चौहान ने उसे शादी का झांसा देकर चार वर्षों तक अपने प्रेमजाल में फंसाए रखा। पीड़िता का कहना है कि इस दौरान आरोपी उसे कई बार देवरिया के होटलों और अन्य स्थानों पर ले गया, जहां उसकी इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध बनाए गए। युवती का आरोप है कि आरोपी उसे अपने घर भी ले गया था और लंबे समय तक उसका मानसिक व शारीरिक शोषण करता रहा।
पीड़िता के मुताबिक जब उसने शादी का दबाव बनाया तो धीरज चौहान और उसके परिवार वाले शादी के लिए तैयार हो गए। दोनों पक्ष 24 जून 2025 को कोर्ट मैरिज करने के लिए पहुंचे और सभी कागजात भी तैयार हो गए, लेकिन आरोप है कि अंतिम समय में धीरज बहाना बनाकर वहां से फरार हो गया। इसके बाद वह लगातार टालमटोल करता रहा और शादी से इनकार करने लगा।
अनिता कुमारी ने बताया कि उसने 6 सितंबर 2025 को थाना लार में शिकायत दी थी। आरोप है कि पुलिस ने दोनों पक्षों को बुलाकर समझौता कराया, जिसमें धीरज चौहान ने दो महीने बाद शादी करने का लिखित आश्वासन दिया। दोनों पक्षों के हस्ताक्षर से सुलहनामा भी तैयार हुआ, लेकिन समय बीतने के बाद भी शादी नहीं हुई। युवती का कहना है कि जब उसने दोबारा शादी की बात की तो आरोपी ने गाली-गलौज करते हुए कहा कि “जो करना है कर लो, मैं शादी नहीं करूंगा।”
पीड़िता ने आरोप लगाया कि 10 नवंबर 2025 को जब वह दोबारा थाने पहुंची तो दरोगा ने उसे डांटकर भगा दिया और कथित तौर पर धमकी दी कि अगर फिर थाने आई तो किसी मुकदमे में फंसा कर जेल भेज दिया जाएगा। इसके बाद युवती ने पुलिस अधीक्षक, महिला आयोग, मुख्यमंत्री कार्यालय और पुलिस महानिदेशक तक शिकायत भेजी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। पीड़िता का कहना है कि उसके पास सारे सबूत मौजूद हैं, लेकिन थाने में उसके साक्ष्यों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
मामले में एक और चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब पुलिस जांच रिपोर्ट में यह बात सामने आई कि धीरज चौहान की जन्मतिथि 4 अक्टूबर 2007 बताई गई, जिसके अनुसार वह कोर्ट मैरिज के समय नाबालिग था। पुलिस जांच में यह भी उल्लेख किया गया कि दोनों के बीच वर्ष 2021 से प्रेम संबंध थे और कई बार आपसी सहमति से संबंध बने। वहीं धीरज के परिवार ने आरोप लगाया कि अनिता ने ही उसे बहला-फुसलाकर प्रेमजाल में फंसाया। हालांकि युवती इन आरोपों को खारिज करते हुए खुद को पीड़ित बता रही है।
पीड़िता का कहना है कि अब आरोपी उसे फोन पर गाली देता है और जान से मारने की धमकी भी देता है। घटना के बाद युवती मानसिक तनाव में है और लगातार न्याय की गुहार लगा रही है। पूरे मामले ने जिले में प्रेम संबंध, कोर्ट मैरिज और पुलिस कार्रवाई को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। गांव और आसपास के इलाकों में इस मामले को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।


