हरदोई जिले के टडियावां थाना क्षेत्र से जमीन विवाद और पुलिस कार्यशैली को लेकर एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। गांव सिहौना हरिहरपुर में दबंगों द्वारा युवक के घर में घुसकर मारपीट किए जाने का आरोप लगा है। पीड़ित परिवार का कहना है कि घटना के बाद उन्होंने कई बार पुलिस से न्याय की गुहार लगाई, लेकिन उनकी असली शिकायत को दबाने की कोशिश की गई। यहां तक कि थाने से प्रथम सूचना रिपोर्ट गायब होने और प्रार्थना पत्र से नाम हटाने जैसे आरोप भी सामने आए हैं।
मिली जानकारी के अनुसार ग्राम सिहौना हरिहरपुर निवासी अनुराग पुत्र अनुज कुमार ने थाना टडियावां में दिए गए प्रार्थना पत्र में बताया कि 14 मई 2026 की शाम करीब 5 बजे गांव के विवेक मौर्या, सोनू मौर्या और नानू मौर्या ने जमीन विवाद को लेकर उसके साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर आरोपियों ने लाठी-डंडों से हमला बोल दिया। इस हमले में अनुराग के सिर और शरीर पर गंभीर चोटें आईं।

पीड़ित अनुराग ने आरोप लगाया कि आरोपी उसके घर और खेत पर कब्जा करना चाहते हैं। उसने बताया कि वह पहले एक सड़क हादसे का शिकार हो चुका है और शारीरिक रूप से कमजोर है, बावजूद इसके दबंगों ने उसे बेरहमी से पीटा। घटना के दौरान जब उसकी बहन भाई को बचाने पहुंची तो आरोपियों ने उसके साथ भी मारपीट कर दी। परिवार का आरोप है कि आरोपियों ने घर में घुसकर हमला किया और पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी।
मामले में नया मोड़ तब आया जब पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनकी शिकायत के साथ छेड़छाड़ की। परिवार का कहना है कि प्रार्थना पत्र से कमलू और राम प्रसाद का नाम हटाया गया, जबकि अनुराग के पिता अनुज कुमार का जख्म भी दर्ज नहीं किया गया। पीड़ितों का आरोप है कि उनसे अलग-अलग आवेदन लिखवाए गए लेकिन उनकी वास्तविक शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज नहीं किया गया।
हालांकि थाना टडियावां पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 352 और 351(3) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है, लेकिन पीड़ित परिवार इस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं है। उनका कहना है कि गंभीर धाराएं लगाने के बजाय मामूली कार्रवाई कर मामले को कमजोर किया जा रहा है।
गांव में इस घटना के बाद तनाव का माहौल बना हुआ है। पीड़ित परिवार ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच, आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और परिवार की सुरक्षा की मांग की है। वहीं ग्रामीणों के बीच भी पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर चर्चा तेज हो गई है।


