बांग्लादेश के हाथों वनडे सीरीज में मिली हार के बाद पाकिस्तान के कई पूर्व क्रिकेटर काफी गुस्से में नजर आ रहे हैं। इस बीच कामरान अकमल ने कहा कि अगर आप जीतोगे नहीं तो क्या आईसीसी ट्रॉफी चोरी करके लानी है?पाकिस्तान क्रिकेट इन दिनों अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रही है। पाकिस्तान की सीनियर मेंस टीम को हाल ही बांग्लादेश के खिलाफ सीरीज में हार का सामना करना पड़ा है। तीन मैचों की वनडे सीरीज में बांग्लादेश ने पाकिस्तान को 2-1 से हराया है। इस हार के बाद पाकिस्तान में इस वक्त बवाल मचा हुआ है। कई पूर्व क्रिकेटर्स इस वक्त बांग्लादेश से हारने के लिए पाक टीम की जमकर आलोचना कर रहे हैं। इस बीच पाकिस्तान के पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज कामरान अकमल ने जमकर पाकिस्तान टीम और अपने क्रिकेट बोर्ड की आलोचना की है।
कामरान अकमल ने जमकर की पाकिस्तान टीम की आलोचना
अकमल ने कहा कि पाकिस्तान में क्रिकेट का लेवल तो ऐसा हो गया है कि नीदरलैंड की टीम भी सोच रही होगी कि इनके साथ उनकी सीरीज हो जाए ताकि उन्हें टेस्ट नेशन का दर्जा मिल जाए। उन्होंने आगे कहा कि अगर आप जीतोगे नहीं तो क्या आईसीसी ट्रॉफी चोरी करके लानी है? दिलचस्प बात ये है कि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष मोहसिन नकवी पर ‘ट्रॉफी चोरी’ के आरोप लगते हैं। दरअसल उन्होंने पिछले साल एशिया कप की विजेता भारतीय टीम को अब तक ट्रॉफी नहीं सौंपी है। इसके बाद से ही लोग उन्हें ट्रॉफी चोर कहकर ट्रोल करते हैं।
कामरान अकमल ने नीदरलैंड्स का क्यों किया जिक्र?
कामरान अकमल ने एक यूट्यूब चैनल पर बातचीत के दौरान कहा कि पाकिस्तान के क्रिकेट का लेवल सोच लीजिए कि क्या हो गया हमारा? मुझे तो लग रहा है कि नीदरलैंड ये सोच रही होगी कि यार हमारा पाकिस्तान के साथ 3 मैच की सीरीज हो जाए, हम जीते तो टेस्ट नेशन बन जाएं। ये हाल कर दिया। ये हाल कर दिया आप लोगों ने क्रिकेट का। किसी को कोई फिक्र ही नहीं है कि आप मैच हारे हैं।
कामरान अकमल ने PCB पर भी साधा निशाना
बांग्लादेश के खिलाफ तीसरा वनडे हारने के बाद पाकिस्तान को लेकर अकमल ने कहा कि आप क्या एक्सपेरिमेंट कर रहे हैं? आज इतनी अच्छी कंडिशन थी। ड्राई है, पिच भी अच्छी है। आपने क्यों नहीं पहले बल्लेबाजी की कि बोर्ड पर रन लगाए। अभी तो वो 290 किए जहां वो 350 कर रहे थे। वो तो लिटन दास ने धीमा खेल दिया। आप इन टीमों से जीतेंगे नहीं तो क्या आईसीसी ट्रॉफी आपको चोरी करके लानी है? खेलकर लानी है।
