भोजपुर जिले के बरहा प्रखंड से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां भव्या कंपनी और उससे जुड़ी मोबाइल परिवार सेवा में कार्यरत कर्मचारियों ने कंपनी के कुछ अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि कंपनी के अधिकारी गलत इल्जाम लगाकर पुराने कर्मचारियों को नौकरी से हटाने की साजिश रच रहे हैं और उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है।
मामले में ड्राइवर धीरज कुमार और शंभू कुमार ने आरोप लगाया है कि कंपनी के अधिकारियों द्वारा उन पर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं। दोनों का कहना है कि वे लंबे समय से ईमानदारी के साथ कंपनी में कार्य कर रहे हैं, लेकिन अब कुछ अधिकारी उन्हें नौकरी से बाहर करने के लिए फर्जी दस्तावेज और गलत हाजिरी रिकॉर्ड तैयार कर रहे हैं।
पीड़ितों का आरोप है कि दूसरे व्यक्ति के बीमा और वाहन दस्तावेजों का उपयोग कर गलत तरीके से गाड़ी चलाने का रिकॉर्ड तैयार किया गया है। इसके आधार पर कंपनी प्रशासन उन्हें दोषी ठहराने की कोशिश कर रहा है। कर्मचारियों का कहना है कि यह पूरी तरह से सुनियोजित साजिश है ताकि उन्हें नौकरी से हटाकर किसी अन्य व्यक्ति को रखा जा सके।
सबसे गंभीर आरोप कंपनी के एक अधिकारी नीरज पर लगाया गया है। पीड़ितों के अनुसार नीरज नामक अधिकारी फोन पर लगातार धमकियां दे रहा है। उन्होंने दावा किया कि उन्हें जान से मारने तक की धमकी दी गई है। इस धमकी के बाद दोनों कर्मचारी और उनके परिवार के लोग दहशत में हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार मामला अब पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर कर्मचारियों के साथ अन्याय हुआ है तो इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि कंपनी के अधिकारियों द्वारा लगाए गए आरोपों और धमकियों की गंभीरता से जांच की जाए।
धीरज कुमार और शंभू कुमार ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो किसी बड़ी घटना से इनकार नहीं किया जा सकता।
इस पूरे मामले ने भोजपुर जिले के बरहा प्रखंड में सनसनी फैला दी है। अब सभी की नजर प्रशासन और कंपनी प्रबंधन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।


