राम मंदिर के चंदा चोरी के तीनों आरोपियों से पुलिस की टीम एक दिन कस्टडी में लेकर पूछताछ करेगी। इनके बैंक अकाउंट में कैसे मोटा पैसा पहुंचा? ये सारी जानकारी इन आरोपियों से उगलवाई जाएगी।
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के तीनों आरोपी लवकुश मिश्रा, अनुकल्प मिश्रा, करुणेश पांडेय की एक दिन की पुलिस कस्टडी रिमांड अयोध्या पुलिस को मिली है। कल (बुधवार) सुबह जेल से तीनों को रिमांड पर लिया जाएगा और कस्टडी में पूछताछ की जाएगी। पुलिस ने 7 दिन की रिमांड की मांग की थी।
बैंक अकाउंट से जुड़ी जानकारी आएगी सामने
इन आरोपियों के पास से भारी नकदी की बरामदगी हुई थी। पुलिस का कहना है कि रिमांड का कारण उनके बैंक अकाउंट्स से जुड़े जानकारी हासिल करना है। राम मदिर के चंदा चोरी के बाद इन अकाउंट में पैसे रखे गए।
बैंक में जमा कर रखे हैं अच्छी खासी रकम
दरअसल, पुलिस ने बैंक से उनके खातों की जानकारी मांगी थी। वो जानकारी पुलिस को मिल गई है। सूत्रों का दावा है कि बैंक में भी इनके पास अच्छी रकम है। अब पुलिस इनसे ये पता करेगी कि बैंक में उनके पास पैसा कहां से आया? क्या चोरी करने के बाद बैंक में पैसा जमा करवाया गया या कहीं और से आया?
जानिए 3 आरोपियों के पास कितनी रकम बरामद
ऐसा मानना है कि चोरी की रकम से सामान खरीदे गए और बैंक रिकॉर्ड्स से जुड़ी जानकारी हासिल करके ही अपराध से प्राप्त आय (Proceeds of Crime) के बारे में पता चलेगा। जिन तीन आरोपी की रिमांड पुलिस ने मांगी है, उनमें लवकुश मिश्रा से 1425000 रुपये, अनुकल्प मिश्र से 1682046 रुपए और करुणेश पांडेय से 1807063 रुपए बरामद हुए थे।
पत्नी के अकाउंट में कैसे पहुंची रकम
ऐसे में बैंक रिकॉर्ड्स मिलने के बाद पुलिस उनसे इन पैसों का सोर्स पता करने की कोशिश करेगी। आरोपी करुणेश पांडेय के पिता का दावा था कि उसकी पत्नी के अकाउंट में 18 लाख थे और पुलिस आरोपी से रिमांड लेकर यह भी पूछेगी कि आखिर यह पैसा उसकी पत्नी के अकाउंट में कैसे आया? पुलिस का मानना है कि सोर्स पता करने के बाद पुलिस रिमांड के दौरान कुछ रिकवरी भी हो सकती है।
चढ़ावे की चोरी से 19 लाख रुपये अविनाश शुक्ला ने किए खर्च
वहीं, दूसरी ओर राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के आरोपियों में शामिल अविनाश शुक्ला ने पूछताछ के दौरान स्वीकार किया है कि उसने गबन की रकम में से लगभग 19 लाख रुपये अपने मित्रों और परिजनों पर खर्च किए। शुक्ला ने जांचकर्ताओं को बताया कि उसने अपने एक भाई के विवाह समारोह पर लगभग 6 लाख रुपये खर्च किए, जबकि दूसरे भाई को 5 लाख रुपये दिए।
