महासमुंद। जिले के बसना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां शादी के कुछ ही दिनों बाद एक महिला को दहेज के लिए प्रताड़ित करने और मारपीट कर घर से निकाल देने का आरोप लगा है। पीड़िता ने अपने पति, सास और जेठानी के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए थाना बसना में शिकायत दी है।
जानकारी के अनुसार ग्राम गौरटेक निवासी भागवती सागर (30) ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि वह मजदूरी का काम करती हैं। जुलाई 2025 में वह मजदूरी के सिलसिले में ग्राम संकरी गई थीं। वहीं हरियाणा के एक मुंशी प्रेम शर्मा से उनकी पहचान हुई, जिसने एक मकान निर्माण का ठेका लिया हुआ था। इसी दौरान प्रेम शर्मा ने उनका रिश्ता राजस्थान के झुंझुनू जिले के निहालपुर निवासी प्रदीप कुमार से करवा दिया।
पीड़िता के मुताबिक शादी से पहले करीब तीन महीने तक प्रदीप कुमार उनसे बातचीत करता रहा और उनके परिवार की पूरी जानकारी ली। इसके बाद मुंशी प्रेम शर्मा ने दोनों की शादी कराने की बात कही, जिस पर वह राजी हो गईं। कुछ समय बाद प्रदीप कुमार, प्रेम शर्मा और एक अन्य व्यक्ति महासमुंद पहुंचे, जहां मंदिर में दोनों की शादी कराई गई। इस दौरान पीड़िता के परिवार के सदस्य और ग्राम संकरी के नंद कुमार नायक तथा परक्षित सिदार भी मौजूद थे।
भागवती सागर का आरोप है कि शादी के बाद प्रदीप कुमार उन्हें अपने घर लेकर गया, जहां शुरुआत के दो दिन सब कुछ ठीक रहा। लेकिन इसके बाद सास और जेठानी ने उनसे मायके से दो लाख रुपये लाने की मांग शुरू कर दी। जब उन्होंने पैसे लाने में असमर्थता जताई और कहा कि उनके परिवार की आर्थिक स्थिति पहले से ही कमजोर है, तब आरोपियों ने उन्हें गाली-गलौज करना शुरू कर दिया।
पीड़िता का कहना है कि उनके पति प्रदीप कुमार, जेठानी विशाखा और सास ने मिलकर उनके साथ मारपीट की। इतना ही नहीं, उन पर झूठा आरोप लगाया कि उन्हें मिर्गी की बीमारी है। मारपीट करने के बाद आरोपियों ने जबरन एक खाली कागज पर उनके हस्ताक्षर भी करा लिए।
महिला ने बताया कि इसके बाद उसे दिल्ली रेलवे स्टेशन ले जाकर छोड़ दिया गया। वहां वह पूरी तरह असहाय अवस्था में थी। उसी दौरान एक अज्ञात व्यक्ति ने उसकी मदद की और उसे रायपुर तक पहुंचाया। रायपुर से वह किसी तरह अपने घर लौटी और पूरे घटनाक्रम की जानकारी अपने परिवार को दी।
घटना के बाद पीड़िता ने थाना बसना में लिखित शिकायत देकर पति, सास और जेठानी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने आवेदन प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं पीड़िता ने प्रशासन से न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।
