सुमेरपुर/मिरा। सुमेरपुर थाना क्षेत्र में शादी का झांसा देकर महिला के साथ संबंध बनाने और बाद में मुकर जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पीड़ित महिला प्रमिला ने आरोप लगाया है कि एक निजी स्कूल में कार्यरत शिक्षक राकेश मास्टर ने उसे शादी का भरोसा देकर अपने जाल में फंसाया, लंबे समय तक पति-पत्नी की तरह संबंध बनाए और अब शादी से साफ इनकार कर दिया। इतना ही नहीं, जब महिला ने विरोध किया तो उसके पीछे गुंडे लगवाने का भी आरोप लगाया है। इस घटना के बाद पीड़िता अपने चार बच्चों के साथ न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है।
जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता प्रमिला पहले से ही पारिवारिक परेशानियों से जूझ रही थी। उसका आरोप है कि उसका पति शराब पीकर मारपीट करता था, जिससे तंग आकर उसने पति को छोड़ दिया और अपने चार बच्चों के साथ नया जीवन शुरू करने की कोशिश की। इसी दौरान करीब पांच महीने पहले उसकी मुलाकात राकेश मास्टर से हुई, जो एक निजी स्कूल में शिक्षक के रूप में कार्यरत बताया जा रहा है। बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ और धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ती चली गईं।
पीड़िता का कहना है कि राकेश मास्टर अक्सर उससे मिलने आता था और उसने उसे भरोसा दिलाया कि वह कोर्ट मैरिज करेगा और उसके बच्चों की जिम्मेदारी भी उठाएगा। महिला के अनुसार इसी भरोसे में वह उसके साथ पति-पत्नी की तरह रहने लगी। दोनों कई बार साथ घूमने भी गए और भविष्य के सपने भी देखे। लेकिन जब महिला ने शादी की बात पक्की करने के लिए दबाव बनाया तो आरोपी के तेवर बदल गए।
प्रमिला का आरोप है कि राकेश मास्टर ने अचानक शादी से इनकार कर दिया और कहा कि उसके भी अपने बच्चे हैं। महिला का कहना है कि यह बात उससे पहले कभी नहीं बताई गई थी। 27 फरवरी को इसी बात को लेकर दोनों के बीच झगड़ा हुआ। इसके बाद 28 फरवरी को जब प्रमिला बीमार होने के बावजूद शिकायत दर्ज कराने थाने पहुंची तो उसे न्याय नहीं मिला।
पीड़िता का आरोप है कि राकेश मास्टर ने उसके पीछे कुछ लोगों को लगा दिया, जिससे वह और उसके बच्चे डर के साये में जीने को मजबूर हैं। वहीं थाने में भी उसकी शिकायत पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। महिला का कहना है कि वह पिछले कई दिनों से अपने बच्चों के साथ थाने के चक्कर काट रही है, लेकिन अब तक उसे न्याय नहीं मिला है।
इस पूरे मामले ने इलाके में चर्चा का विषय बना दिया है। पीड़िता ने प्रशासन से मांग की है कि आरोपी राकेश मास्टर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और उसे तथा उसके बच्चों को सुरक्षा दी जाए, ताकि वह भयमुक्त होकर न्याय की लड़ाई लड़ सके।
